विलयन, विलेय और विलायक किसे कहते हैं – Vilayan Viley Vilayak Kise Kahate Hain

विलयन, विलेय और विलायक किसे कहते हैं?  Vilayan Viley Vilayak Kise Kahate Hain

आज इस लेख में मैं आपको प्रमुख रूप से विलयन के बारे में जानकारी देने जा रहा हूं, इसमें मैं आपको विलेय और विलयन कि भी परिभाषा बताऊंगा और विलयन के प्रकार भी इसमें शामिल किया गया है


विलयन क्या हैं इसके प्रकार 

विलयन की परिभाषा

 दो या दो से अधिक पदार्थों का समांग मिश्रण है को विलयन कहते हैं। जिसमें किसी निश्चित ताप पर विलेय और विलायक की आपेक्षिक मात्राएँ एक निश्चित सीमा तक निरंतर परिवर्तित हो सकती हैं।

किसी विलयन में विलेय के कणों की त्रिज्या 10 सेमी से कम होती है। अतः इन कणों को सूक्ष्मदर्शी द्वारा भी नहीं देखा जा सकता है। [विलयन किसे कहते हैं। इसके प्रकार । विलेय । विलायक What is a solution? Like this. Solute Solvent In hindi]

विलयन स्थायी एवं पारदर्शक होता है।

विलेय और विलायक किसे कहते हैं

विलयन में जो पदार्थ अपेक्षाकृत अधिक मात्रा में होता है उसे विलायक कहते हैं। तथा जो पदार्थ कम मात्रा में उपस्थित रहते हैं,उसे विलेय कहते हैं।

जिस विलायक का हाईइइलेक्टिक नियतांक जितना अधिक होता है, वह उतना ही विलायक माना जाता है। जल का हाइइलेक्ट्रिक नियतांक का मान अधिक होने के इसे सर्वाधिक विलायक कहा जाता है।

विलायक का प्रमुख उपयोग

(1) औषधी के निर्माण में  
(2) निर्जल धुलाई में (पेट्रोलियम बेंजी इथर जैसे विल्ञायकों का) 
(3) इत्र निर्माण में ,
(4) अनेक प्रकार के पेय व खाद्य पदार्थों के
निर्माण में।


प्रमुख विलयन के प्रकार 

  • 1. ठोस में ठोस का विलयन-मित्रधातुएँ जैसे- पीतल (तौँबा में जर्ता)
  • 2. ठोस में द्रव का विलयन-यैलियम में पारा का विलयन
  • 3. ठोस में गैस का विलयन-कपूर में वायु का विलयन
  • 4. द्रव में ठोस का विलयन-पारा में लेड का विलयन
  • 5 . द्रव में द्रव का विलयन-जल में अल्कोहल का विलयन
  • 6, दय में गैस का विलयन-जल में कार्बन डाइऑक्साइड का विलयन
  • 7. गैस में ठोस का विलयन-पुओ, वायु में आयोडीन का विलयन
  • ৪. गैस में द्रव का विलयन-कुहरा, बादल, अमोनिया गैस का जल में विलयन
  • 9. गैस में गैस का विलयन-वायु. गैसों का मिश्रण

संतृप्त विलयन

 किसी निश्चित ताप पर बना ऐसा विलयन जिसमें विलेय पदार्थ की अधिकतम मात्रा घुली हुई हो संतृप्त विलयन कहलाता है।

असंतृप्त विलयन  

किसी निश्चित ताप पर बना ऐसा विलयन
जिसमें विलेय पदार्थ की और अधिक मात्रा उस ताप पर घुलाई जा सकती है, असंतृष्त
विलयन कहलाता है।

अतिसतृप्त विलयन 

ऐसा संतृप्त विलयन जिसमें विलेय की मात्रा उस विलयन को संतृषप्त करने के लिए आवश्यक विलेय की मात्रा से अधिक पूली हुई हो वहअतिसंतृप्त विलयन कहलाता है।


विलेयता क्या होता हैं

किसी निश्चित ताप और दाब पर 100 ग्राम विलायक में घुलने वाली विलेय की अधिकतम मात्रा को उस विलेय पदार्थ की उस विलायक में विलेयता कहते हैं।

किसी पदार्थ की विलायक में विलेयता विलायक तथा विलेय की प्रकृति पर, ताप एवं दाब पर निर्भर करती है।


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