रबर और प्लास्टिक किसे कहते हैं? प्रकार – rubber our plastic

रबर व प्लास्टिक किसे कहते हैं प्रकार What rubber and plastic. types in हिंदी

आज का यह लेख रबर एवं प्लास्टिक दोनों का ही सम्मिलित लेख लेकर आया हूं। आपको बताएंगे की क्या है? किसे कहते हैं? एवं इनके प्रकार यानी What rubber and plastic. types in हिंदी की जानकारी दी जाएगी।

रबर किसे कहते हैं प्रकार (Rubber in हिंदी):

रबड़ के वृक्ष भूमध्य रेखीय सदाबहार वनों में पाए जाते हैं। इसके दूध निकाला जाता है, जिसे लेटेक्स कहते हैं। जिससे रबड़ तैयार किया जाता हैं । सबसे पहले यह अमेजन बेसिन में जंगली रूप में उगता था। तभी से यह इंग्लैण्ड निवासियों द्वारा दक्षिणी पूर्वी एशिया में ले जाया गया । पहले इसका प्रयोग पेन्सिल के निशान मिटाने के लिये किया जाता था । आज यह विश्व की महत्वपूर्ण व्यावसायिक फसलों में से एक हैं । 
रबर व प्लास्टिक किसे कहते हैं प्रकार What rubber and plastic. types in हिंदी

इसका उपयोग मोटर वाहन के ट्यूब, टायर, वाटर प्रूफ कपड़े, जूते एवं विभिन्न प्रकार के दैनिक उपयोग की वस्तुओं में होता है । थाईलैंड, इण्डोनेशिया, मलेशिया, भारत, चीन तथा श्रीलंका प्रमुख उत्पादक देश हैं। 
भारत का विश्व उत्पादन में चौथा स्थान है, किन्तु घरेलु खपत अधिक होने के कारण यह रबर का आयात करता है।  

रबर के प्रकार (Rubber of type in Hindi)

1] प्राकृतिक रबर
2] कृत्रिम रबर

प्राकृतिक रबर:

प्राकृतिक रबर पेड़ों व लताओं के रस, अथवा रबरक्षीर से बनता है। इसे "भारतीय रबर" भी कहते हैं।

कृत्रिम रबर:

रसायनशालाओं में अनुसंधान के फलस्वरूप आज कृत्रिम रबर (Synthetic rubber) भी बनने लगा है। कुछ गुणों में कृत्रिम रबर प्राकृतिक रबर से उत्कृष्ट होता है। यदि कृत्रिम रबर का उत्पादन मूल्य अधिक न होता, तो इसमें कोई संदेह नहीं कि प्राकृतिक रबर का आज नामोनिशान न रहता।

    1. कुछ विशेष कामों के लिए तो कृत्रिम रबर प्राकृतिक रबर से अधिक उपयोगी सिद्ध हुए हैं।
    2. अनेक देश आज कृत्रिम रबर तैयार कर रहे हैं।
    3. भारत में भी कृत्रिम रबर तैयार करने के कारखाने इसलिए खोल रखे हैं कि युद्धकाल में यदि उन्हें प्राकृतिक रबर न मिलेगा, तो कृत्रिम रबर ही तैयार कर अपना काम चलाएँगे। 

प्लास्टिक किसे कहते हैं (Plastic in Hindi)

प्लास्टिक (Plastic), शंश्लेषित या अर्धशंश्लेषित कार्बनिक ठोस पदार्थों के एक बड़े समूह का सामान्य नाम है । इससे बहुत सारे औद्योगिक उत्पाद निर्मित होते हैं।

प्लास्टिक सामान्यतः उच्च अणुभार वाले बहुलक होते हैं। जिनमें मूल्य कम करने या अधिक कार्यक्षम बनाने के लिये कुछ अन्य पदार्थ भी मिश्रित किये जा सकते है। प्लास्टिक को बहुलकीकरण की प्रक्रिया द्वारा बनाया जाता है। यह असल में बहुलक ही होता है, जैसे पॉलीथीन, पोलीविनायल क्लोराइड, इत्यादि।

प्लास्टिक पदार्थ एवं प्लास्टिक (पदार्थों के एक गुण) भिन्न भिन्न हैं। एक गुण के रूप में प्लास्टिक उन पदार्थों की विशेषता का द्योतक है। जो अधिक खींचने या तानने (विकृति पैदा करने) से स्थायी रूप से अपना रूप बदल देते हैं। और अपने मूल स्वरूप में नहीं लौट पाते।

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